रोजाना होने वाला सर दर्द कहीं ब्रेन ट्यूमर तो नहीं | daily headache could be tumour

Daily headache could be tumour –

आजकल के माहौल मे सर दर्द होना बहुत आम बात है, प्रायः लोग सर दर्द की समस्या से लड़ते दिखाई देते है और इसे कभी धुप, कभी थकान, कभी स्ट्रेस का कारण मान दर्द निवारक दवाई खाकर भूल भी जाते है | वैसे तो सिरदर्द आम समस्या है, लेकिन क्या आप जानते है यह  ब्रेन ट्यूमर का प्रमुख लक्षण भी हो सकता है | इस बारे में जानकारी ना होने के कारण व्यक्ति इससे अनजान रहता है, लेकिन अंदर ही अंदर यह रोग गंभीर होता जाता है |कई बार तो व्यक्ति को जब तक इसका पता चलता है बहुत देर हो चुकी होती है क्यूंकि यह बड़ी खामोशी से वार करता है |

brain tumor

 यदि हम इसके लक्षणों पर पहले ही ध्यान दे तो इसका सफल इलाज कर सकते है | आज बात करते है ब्रेन ट्यूमर के लक्षणों पर जैसे –

  • तेज होने वाला सर दर्द – जिन लोगो को ब्रेन ट्यूमर होता है उनके सर में प्रायः सर दर्द बना रहता है | कई बार ये धीरे, तो कई बार बहुत भयानक होता है | छींकते, खासते या निचे झुकने पर ये दर्द अचानक बढ़ जाता है क्योंकि मस्तिष्क पर दबाव पड़ता है रात के समय यह सर दर्द काफी बढ़ सकता है, और आपकी नींद भी खुल सकती है।

headache

  • बोलने में तकलीफ – ब्रेन ट्यूमर से पीड़ित व्यक्ति को कई बार बोलने की तकलीफो का सामना करना पड़ता है, क्योकि बोलने या बोलने से जुडी चीजों में मस्तिष्क महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है इसलिए ब्रेन ट्यूमर होने पर मरीज को बोलने में होने वाली तकलीफ का सामना करना पड़ता है |
  • रोजमर्रा के कामो में तकलीफ – ब्रेन ट्यूमर के मरीजों को अपने दैनिक कार्य करने में भी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है, जैसे की दृष्टि में बदलाव, कुछ भी सोचने के लिए बल का प्रयोग करना, यहाँ तक की चलने, स्पर्श करने, सूंघने, सुनने आदि क्रियाओं में भी परिवर्तन होने लगते हैं।

brain tumour

  • मांसपेशियों में ऐंठन -ब्रेन ट्यूमर से पीड़ित व्यक्ति प्रायः मांपेशियों में भी ऐंठन महसूस करता है, शरीर ठीक से काम न कर पाना, चक्कर आना और कई बार बेहोशी की स्थिति भी उत्पन्न हो जाती है इसलिए पीड़ित व्यक्ति को अकेले नहीं छोड़ा जा सकता | कई बार तो स्थिति बहुत ही गंभीर हो जाती है और लकवा का कारण भी बनती है |

behoshi

  • कम दिखाई देना- ब्रेन ट्यूमर में आँखों का ख़राब हो जाना सामान्य है, इसमें व्यक्ति को एक आँख से देखने में परेशानी हो जाती है जो व्यक्ति को पहले पता नहीं चलती है, पर जब आँखों की जांच होती है तो समझ में आता है।

loss vision

  • कमजोरी – अचानक से वजन बढ़ना या काम हो जाना ब्रेन ट्यूमर के लक्षण है,  खाने की इच्छा में कमी हो जाती है इस वजह से कई बार कमजोरी भी आ जाती है |

tiredness

  • जी घबराना या उलटी आना – प्रायः देखा जाता है पीड़ित व्यक्ति उल्टी जैसी चीजों का सामना करना पड़ता है, पीड़ित व्यक्ति हमेशा बीमार सा महसूस करता है, धुप और तेज स्मेल के संपर्क में आ जाने से स्थिति और ख़राब हो जाती है |

vommiting

  • मूड स्विंग पीड़ित व्यक्ति को मूड स्विंग जैसी स्थिति भी देखनी पड़ती है अचानक से खुश अचानक से दुखी हो जाता है, किसी भी बात पे नाराज होना या घबरा जाना वास्तव में वो क्या कर रहा होता है वो उसे खुद भी नहीं पता नहीं होता |

mood swing

 

ब्रेन ट्यूमर के कारण

हमारे शरीर में बनने वाले सेल्स कुछ समय बाद नष्ट हो जाते हैं और उनकी जगह नये सेल्स बन जाते हैं | जब ये सेल्स इकट्ठे होकर टिश्यू बनाते है तो यह सेल्स मरते नहीं हैं बल्कि समय के साथ ट्यूमरक रूप ले लेते है | यह सेल्स कई कारणों से बन सकते हैं,  जैसे की प्रदूषित पदार्थो का श्वसन के साथ शरीर में प्रवेश कर जाने से, विशेष प्रकार के विषाणु के संक्रमण से, इत्यादि |

ब्रेन ट्यूमर का उपचार

आपको बता दें कि ब्रेन ट्यूमर के इलाज के लिए कई ऑप्शन हैं। डॉक्टर यह मरीज को देखकर ही निर्णय लेते हैं कि उनके लिए कौन-सा ट्रीटमेंट बेस्ट होगा। रोग के आधार पर भी ट्रीटमेंट चुना जाता है, ट्यूमर किस जगह पर है, साइज कितना है, उम्र और सेहत कैसी है आदि। कई बार दो ट्रीटमेंट एक साथ भी किए जाते हैं ताकि ट्यूमर से जल्द निजात आपको मिल सके। आमतौर पर ट्रीटमेंट सर्जरी, रेडिएशन थेरेपी और कीमोथेरेपी से भी किया जाता है।

  • सर्जरी – बहुत से लोग हैं जिन्हें ट्यूमर होता है और उसे निकालने के लिए सर्जरी करनी पड़ती है। यदि आपका ट्यूमर, ग्रेड 1 में हो, तो ऐसी स्थिति में आपके ट्यूमर की सर्जरी के माध्यम से निकाला जा सकता है। यदि आपके ट्यूमर को सर्जरी के माध्यम से न निकाला जा सके, तो कम से कम आपके ट्यूमर के आकार और लक्षणों को कम किया जा सकता है।

surgery

  • रेडिएशन थेपेरी – कई ऐसे लोग हैं जिनका ट्यूमर सर्जरी के माध्यम से नहीं निकलता या उसकी कुछ कोशिकाएं सर्जरी के बाद भी रह जाती है तो उनके लिए रेडिएशन थेपेरी का इस्तेमाल किया जाता है |

Rediation

  • कीमोथेरेपी – कीमोथेरेपी का प्रयोग कैंसर सेल को खत्म करने के लिए किया जाता है। कैंसर को खत्म करने के लिए कीमोथेरेपी ड्रग्स का इस्तेमाल किया जाता है। इन दवाइयों को मौखिक रूप से अर्थात मुंह के द्वारा दिया जाता है। अधिकतर लोगों को इसे इन्ट्रावेनस इन्फ्यूजन की प्रक्रिया के द्वारा दिया जाता है।

 

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